जालंधर – (मनदीप कौर)- कौमी इंसाफ मोर्चा की ओर से आज पंजाब बंद की कॉल के बीच जालंधर में बंद का मिला-जुला असर देखने को मिला। कई इलाकों में दुकानों को बंद करवाया गया, जबकि कुछ जगहों पर बंद का असर नहीं दिखा। इसी दौरान मकसूदां की सर्विस रोड पर उस समय हंगामा हो गया, जब एक कार सवार को अस्पताल जाने से रोक दिया गया।
बताया जा रहा है कि कार सवार अपनी पत्नी को डायलिसिस के लिए अस्पताल ले जा रहा था। उसने अस्पताल की पर्ची दिखाकर आगे जाने की बात कही, लेकिन इसी दौरान उसकी कुछ लोगों के साथ बहस हो गई। देखते ही देखते मामला हाथापाई तक पहुंच गया।

अस्पताल जाने से रोकने पर बढ़ा विवाद
कार सवार का कहना था कि उसकी पत्नी की डायलिसिस चल रही है और वह पहले से ही परेशान है। इसके बावजूद उसे अस्पताल जाने की अनुमति नहीं दी जा रही थी। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में तीखी बहस शुरू हो गई।
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मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, विवाद के दौरान दोनों पक्षों के बीच थप्पड़ भी चले। एक सिख व्यक्ति द्वारा साथी से बरछा छीनकर हमला करने की कोशिश किए जाने की बात भी सामने आई, हालांकि साथी ने बरछा नहीं दिया।
जथेबंदियों ने मौके पर पहुंचकर कराया मामला शांत
हंगामा बढ़ने के बाद अन्य सिख जथेबंदियों के लोग मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों को शांत करवाया। इसके बाद कार सवार को जथेबंदियों की ओर से वहां से रवाना कर दिया गया।
पंजाब बंद के दौरान हुई इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आपात स्थिति में अस्पताल जाने वाले मरीजों और उनके परिजनों को रास्ता मिलना कितना जरूरी है। खासकर डायलिसिस जैसे नियमित लेकिन जरूरी इलाज के लिए मरीज को समय पर अस्पताल पहुंचाना बेहद महत्वपूर्ण होता है।

