अंबाला -(मनदीप कौर)- हरियाणा के अंबाला में गुरसिमरन सिंह मंड पर हुए हमले के बाद की गई गिरफ्तारियों के विरोध में गुरुवार को स्थिति तनावपूर्ण हो गई। प्रदर्शनकारियों ने अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे और जीटी रोड को करीब 7 घंटे तक जाम कर दिया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच कई बार टकराव हुआ।
स्थिति बिगड़ने के बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर हाईवे से प्रदर्शनकारियों को हटाया और देर रात यातायात बहाल कराया।

पुलिस पर धारदार हथियारों से हमला
पुलिस के मुताबिक, शाम को अंधेरा होने के बाद भीड़ में मौजूद कुछ लोगों ने पुलिसकर्मियों पर अचानक हमला कर दिया। आरोप है कि हमले में बरछे, तलवार और कुल्हाड़ी जैसे धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया गया।
यह भी पढ़े:-https://chardapunjabtv.com/sukhbir-singh-badal-knife-attack-nanded-maharashtra/
इस हमले में अंबाला के DSP (क्राइम) वीरेंद्र का हाथ गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि छह अन्य पुलिसकर्मी भी गंभीर रूप से घायल हुए। सभी घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।
पंजोखरा साहिब गुरुद्वारे की घटना से शुरू हुआ विवाद
विवाद की शुरुआत 7 अगस्त को ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री पंजोखरा साहिब में हुई घटना से बताई जा रही है। गुरसिमरन सिंह मंड के गुरुद्वारा पहुंचने के दौरान पार्किंग को लेकर स्थानीय लोगों के साथ विवाद हुआ था।
मंड ने आरोप लगाया था कि कुछ निहंगों और भीड़ ने उन पर डंडों और धारदार हथियारों से हमला किया। घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने कुछ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया और दो लोगों को हिरासत में लिया।
वहीं, सिख संगत की ओर से मंड के खिलाफ दी गई शिकायत पर मामला दर्ज न होने को लेकर नाराजगी बढ़ती गई।
HSGMC प्रमुख जगदीश सिंह झींड़ा भी घायल
पुलिस कार्रवाई के विरोध में पंजोखरा साहिब गुरुद्वारे में पंथक बैठक आयोजित की गई। बैठक में हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (HSGMC) के अध्यक्ष जगदीश सिंह झींड़ा समेत कई लोग शामिल हुए।
बैठक के बाद जीटी रोड जाम करने का फैसला लिया गया। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच बैरिकेडिंग को लेकर टकराव हुआ। इसी दौरान झींड़ा को भी चोट लगी और उनकी कोहनी घायल हो गई।
हाईवे पर लगा लंबा जाम
प्रदर्शनकारियों ने जीटी रोड पर ट्रैक्टर और कंटेनर खड़े कर सड़क को पूरी तरह बंद कर दिया। इसके चलते पंजाब, चंडीगढ़, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर की ओर जाने वाले रास्तों पर कई किलोमीटर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया।
स्कूल बसें, एंबुलेंस और अन्य वाहन भी लंबे समय तक जाम में फंसे रहे। यातायात व्यवस्था प्रभावित होने के कारण कई यात्रियों को पैदल ही आगे जाना पड़ा।
बातचीत से नहीं बनी बात, पुलिस ने किया लाठीचार्ज
मामले की गंभीरता को देखते हुए अंबाला के SP अजीत सिंह शेखावत और IG पंकज नैन पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों और उनके नेताओं से बातचीत कर जाम खोलने की अपील की।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग थी कि गुरसिमरन सिंह मंड के खिलाफ FIR दर्ज की जाए और गिरफ्तार किए गए सिख युवकों को रिहा किया जाए।
बातचीत से समाधान नहीं निकलने के बाद स्थिति बिगड़ गई। पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बल प्रयोग और लाठीचार्ज किया, जिसके बाद हाईवे को खाली कराया गया और यातायात बहाल किया गया।

