जालंधर -(मनदीप कौर )- जालंधर के खुरला किंगरा इलाके में स्थित कुक्की ढाब रोड पर बैंक एन्क्लेव फेज-2 में मौजूद पंजाब नेशनल बैंक की शाखा में हुई दिनदहाड़े डकैती की वारदात का पुलिस ने बड़ा खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। चौंकाने वाली बात यह है कि मुख्य आरोपी एक पूर्व डीएसपी का बेटा निकला, जिसने नशे की लत पूरी करने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया।
CCTV फुटेज से खुली साजिश
घटना के तुरंत बाद पुलिस हरकत में आई और आसपास लगे 50 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली गई। इन्हीं फुटेज के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की मूवमेंट को ट्रैक किया और उनकी पहचान तक पहुंची।
फुटेज में साफ देखा गया कि दोनों आरोपी बैंक में दाखिल होते हैं और सीधे कैश काउंटर की ओर बढ़ते हैं। पिस्तौल के दम पर कैशियर को डराकर उन्होंने नकदी लूटी और मौके से फरार हो गए।
वारदात के बाद ऐसे भटकाया पुलिस को
जांच में सामने आया कि आरोपी वारदात को अंजाम देने के बाद जानबूझकर एक्टिवा पर खांबड़ा की ओर गए ताकि पुलिस को गुमराह किया जा सके। इसके बाद उन्होंने रास्ते में कपड़े बदले और दूसरे रास्ते से वापस लौट आए।
लेकिन CCTV की पैनी नजर से वे बच नहीं पाए और पुलिस ने उनकी पूरी रूट मैपिंग कर ली।
आरोपी की पहचान ने सबको चौंकाया
पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर ने बताया कि गिरफ्तार किए गए मुख्य आरोपी की पहचान सिमरजीत सिंह उर्फ अमरिक सिंह निवासी ग्रीन मॉडल टाउन, जालंधर के रूप में हुई है। जांच में यह भी सामने आया कि वह एक पूर्व डीएसपी का बेटा है।
यह खुलासा बेहद हैरान करने वाला है, क्योंकि आरोपी एक ऐसे परिवार से ताल्लुक रखता है जिसका संबंध खुद कानून व्यवस्था से रहा है।
हथियार और नकदी बरामद
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से एक रिवॉल्वर, तीन जिंदा कारतूस और कुछ नकदी बरामद की है। वहीं दूसरे आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया है, जिससे पूछताछ जारी है।
पहले से दर्ज हैं केस
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि मुख्य आरोपी के खिलाफ पहले भी दो मामले दर्ज हैं, जिनमें एक एनडीपीएस एक्ट से जुड़ा केस भी शामिल है। इससे साफ होता है कि वह पहले से ही आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहा है।
नशे के लिए रची पूरी साजिश
पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि आरोपी नशे का आदी है और नशे की जरूरत पूरी करने के लिए ही उसने इस डकैती की योजना बनाई थी। इस एंगल ने एक बार फिर पंजाब में बढ़ती नशे की समस्या पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कानूनी कार्रवाई शुरू
इस मामले में थाना डिवीजन नंबर-7 में मुकदमा नंबर 65, दिनांक 6 अप्रैल को दर्ज किया गया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 309(4) और आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत केस दर्ज किया गया है।
दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लिया जाएगा, ताकि उनसे सख्ती से पूछताछ कर लूटी गई पूरी रकम की बरामदगी की जा सके।
सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल
दिनदहाड़े बैंक में इस तरह की वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि पुलिस की तेज कार्रवाई ने यह दिखा दिया कि तकनीक और सतर्कता के दम पर अपराधियों को ज्यादा देर तक बचना मुश्किल है।
निष्कर्ष
जालंधर बैंक डकैती केस का खुलासा भले ही तेजी से हो गया हो, लेकिन इस घटना ने समाज के सामने कई गंभीर मुद्दे खड़े कर दिए हैं—खासकर नशे की बढ़ती लत और युवाओं का अपराध की ओर बढ़ता रुझान।
फिलहाल दोनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं और आगे की जांच जारी है। यह मामला एक बार फिर साबित करता है कि कानून से बच पाना आसान नहीं, चाहे आरोपी कितना भी चालाक क्यों न हो।

