मुंबई -(ब्यूरो रिपोर्ट)– दूध के दाम बढ़ने से आम लोगों को एक बार फिर महंगाई का झटका लगा है। 1 सितंबर 2026 से खुले भैंस के दूध की कीमत में ₹9 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है। नई कीमत लागू होने के बाद दूध खरीदने वाले परिवारों का मासिक बजट प्रभावित हो सकता है।
नई दर के मुताबिक दूध की थोक कीमत ₹93 से बढ़कर ₹102 प्रति लीटर हो गई है। वहीं, स्थानीय विक्रेता या डेयरी से घर तक पहुंचने वाले दूध की खुदरा कीमत ₹110 से ₹115 प्रति लीटर तक पहुंच सकती है।

दूध के दाम क्यों बढ़े?
डेयरी संचालकों और बॉम्बे मिल्क प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (BMPA) के अनुसार, दूध की कीमत बढ़ाने के पीछे उत्पादन लागत में लगातार हुई बढ़ोतरी मुख्य वजह है।
पिछले एक साल में पशुओं के चारे, अनाज, अरहर, चना और मक्का की कीमतों में करीब 25 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है। इससे दूध उत्पादन की लागत काफी बढ़ गई है।
भैंसों की कीमत भी बढ़ी
डेयरी कारोबार से जुड़े लोगों के मुताबिक, अच्छी गुणवत्ता वाला दूध देने वाली भैंसों की कीमत में भी 60 से 70 प्रतिशत तक इजाफा हुआ है। दूध उत्पादकों का कहना है कि इस समय एक लीटर शुद्ध दूध तैयार करने की लागत करीब ₹98 पड़ रही है।
इसके अलावा दूध की ढुलाई, डेयरी संचालन और मजदूरी की लागत बढ़ने से भी दूध उत्पादन महंगा हुआ है। ऐसे में पुरानी कीमत पर दूध बेचने से उत्पादकों को नुकसान हो रहा था।
आम लोगों की जेब पर पड़ेगा असर
दूध रोजमर्रा की जरूरत की चीज है। ऐसे में इसकी कीमत में ₹9 प्रति लीटर की बढ़ोतरी का सीधा असर परिवारों के घरेलू बजट पर पड़ सकता है। दूध के साथ-साथ चाय, दही और दूध से बनने वाली अन्य चीजों की लागत पर भी इसका असर देखने को मिल सकता है।
दूध की नई कीमतें एक नजर में:
पुरानी थोक कीमत: ₹93 प्रति लीटर
नई थोक कीमत: ₹102 प्रति लीटर
संभावित खुदरा कीमत: ₹110-₹115 प्रति लीटर
बढ़ोतरी: ₹9 प्रति लीटर
नई कीमत लागू: 1 सितंबर 2026

