फिरोजपुर -(मनदीप कौर )- पंजाब के फिरोजपुर में स्वास्थ्य विभाग की फूड सेफ्टी टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर एक नूडल्स निर्माण इकाई पर छापेमारी कर बड़ी कार्रवाई की। जांच में सामने आया कि फैक्ट्री पिछले करीब डेढ़ से दो साल से बिना वैध खाद्य सुरक्षा लाइसेंस के संचालित हो रही थी। इसके अलावा फैक्ट्री में साफ-सफाई के मानकों की अनदेखी और खाद्य सुरक्षा नियमों का गंभीर उल्लंघन पाया गया।
जांच के दौरान अधिकारियों ने फैक्ट्री परिसर में बेहद गंदगी देखी। नूडल्स तैयार करने वाली जगह के पास बाथरूम मौजूद था, खाद्य पदार्थों पर मक्खियां बैठी हुई थीं और छत पर जाले लगे थे। उत्पादन क्षेत्र भी निर्धारित स्वच्छता मानकों पर खरा नहीं उतरा।

टीम ने यह भी पाया कि निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे पानी की लैब जांच नहीं कराई गई थी। कर्मचारियों के मेडिकल फिटनेस रिकॉर्ड और अन्य जरूरी दस्तावेज मौके पर उपलब्ध नहीं थे। जांच के दौरान विभिन्न कंपनियों के ब्रांड नाम से नूडल्स की पैकिंग की जा रही थी, लेकिन इसके लिए कोई अधिकृत अनुमति या रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं किया गया।
जनस्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए मौके पर तैयार पड़े करीब 450 किलो नूडल्स को मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त मानते हुए नष्ट कर दिया गया। इसके अलावा दो नमूने लेकर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे गए हैं, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फूड सेफ्टी विभाग ने फैक्ट्री संचालक को 15 दिनों का सुधार नोटिस जारी किया है। नोटिस में वैध खाद्य सुरक्षा लाइसेंस प्राप्त करने, साफ-सफाई के मानकों का पालन करने, कर्मचारियों की मेडिकल जांच कराने और सभी आवश्यक रिकॉर्ड उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि लैब रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सभी खाद्य कारोबारियों से अपील की गई है कि बिना लाइसेंस कोई भी खाद्य व्यवसाय संचालित न करें और खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण एवं बिक्री के दौरान सभी नियमों का सख्ती से पालन करें।

