जालंधर -(मनदीप कौर)- शहर के Mannat Hospital में गर्भवती महिला के नवजात शिशु की मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिवार का आरोप है कि अस्पताल में इलाज के दौरान महिला को गलत इंजेक्शन लगाया गया, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। बाद में उसे दूसरे अस्पताल रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने नवजात शिशु को मृत घोषित कर दिया।


पीड़ित परिवार के अनुसार, महिला करीब पांच माह की गर्भवती थी और शुरू से ही उसका इलाज Mannat Hospital में चल रहा था। परिजनों का कहना है कि महिला को दर्द होने पर अस्पताल लाया गया, जहां इंजेक्शन लगाने के बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। आरोप है कि अस्पताल से घर भेजने के बाद पूरी रात उसकी तबीयत खराब रही और अगले दिन दोबारा अस्पताल पहुंचने पर भी समय पर इलाज नहीं किया गया।
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परिजनों का आरोप है कि बाद में महिला को दूसरे अस्पताल रेफर किया गया, जहां जांच के बाद डॉक्टरों ने बताया कि गर्भ में पल रहे शिशु की मौत हो चुकी है। इस घटना के बाद परिवार ने अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
वहीं, मामले की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए। जांच अधिकारियों के अनुसार, अस्पताल की ओर से बताया गया कि स्कैन के दौरान बच्चे की हार्टबीट नहीं मिल रही थी, जिसके बाद मरीज को दूसरे अस्पताल रेफर किया गया। इंजेक्शन लगाए जाने को लेकर अस्पताल का कहना है कि महिला को रक्तस्राव होने के कारण दवा दी गई थी।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

